देवरी Vehicle encroachment नगर का मुख्य बस स्टैंड इन दिनों अव्यवस्था और अतिक्रमण का गढ़ बन चुका है। कुछ दिन पहले नगर परिषद ने छोटे दुकानदारों पर कार्रवाई कर उन्हें बस स्टैंड से हटाया था, लेकिन अब उसी जगह पर वाहनों का जमावड़ा होने लगा है। हालत यह है कि चारों तरफ जहां जगह मिलती है, लोग अपने वाहन खड़े कर देते हैं। इससे न सिर्फ यात्रियों को बल्कि स्कूली बच्चों को भी भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
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दुकानदारों की नाराज़गी
स्थानीय छोटे दुकानदारों का कहना है कि प्रशासन सिर्फ हम पर सख्ती दिखाता है। बस स्टैंड से हटाने की कार्रवाई भी हम पर ही की गई थी, लेकिन वाहन मालिकों पर कोई ठोस कदम क्यों नहीं उठाया जाता? उनका कहना है कि यदि हम सड़क किनारे दुकान लगाते हैं तो तुरंत कार्रवाई होती है, लेकिन वाहन वाले बिना किसी रोक-टोक के जहां चाहें वहां खड़े हो जाते हैं।Vehicle encroachment
प्रशासन सिर्फ “खानापूर्ति” तक सीमित
जब इस समस्या पर नगर परिषद के सीएमओ जगदीश शर्मा से सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि पुलिस विभाग को चालानी कार्रवाई के लिए बोला जाता है। लेकिन स्थानीय लोगों का आरोप है कि यह कार्रवाई सिर्फ खानापूर्ति तक ही सीमित रहती है। अगर प्रशासन एक बार सख्ती से कदम उठाए तो हालात सुधर सकते हैं और बस स्टैंड पर व्यवस्था बहाल हो सकती है।Vehicle encroachment
यात्रियों और बच्चों को हो रही परेशानी
अतिक्रमण की वजह से सबसे ज्यादा परेशानी यात्रियों और स्कूल जाने वाले बच्चों को उठानी पड़ती है। बसें अंदर तक नहीं आ पातीं, जिससे लोग सड़क पर खड़े होकर ही बस पकड़ने को मजबूर होते हैं। बारिश या धूप में यह स्थिति और ज्यादा कष्टकारी हो जाती है।Vehicle encroachment
स्कूली बच्चों के अभिभावक बताते हैं कि रोजाना सुबह-शाम उनके बच्चों को भीड़ और अव्यवस्था के बीच बस पकड़नी पड़ती है। इससे दुर्घटना का डर बना रहता है।Vehicle encroachment
ड्राइवर भी बस अंदर लाने से डरते हैं
बस चालकों का कहना है कि बस स्टैंड पर इतनी भीड़ और अव्यवस्था रहती है कि बस को अंदर ले जाना मुश्किल हो जाता है। अगर गलती से बस किसी खड़े वाहन या राहगीर से टकरा जाए तो हंगामा खड़ा हो जाता है। इसीलिए वे भी बस स्टैंड के बाहर ही यात्रियों को बैठा-उतार देते हैं।Vehicle encroachment
आए दिन झगड़े की नौबत
वाहनों की अव्यवस्थित पार्किंग के कारण आए दिन झगड़े की नौबत बनती है। लोग छोटी-छोटी बातों पर भिड़ जाते हैं और मारपीट की स्थिति भी पैदा हो जाती है। इससे बस स्टैंड का माहौल असुरक्षित हो गया है।
लोगों की मांग – सख्त कार्रवाई जरूरी
स्थानीय लोगों का कहना है कि प्रशासन अगर सही मायने में कार्रवाई करना चाहता है तो पहले वाहन मालिकों पर कड़ी कार्रवाई करे। अगर नियम तोड़ने वालों पर नियमित चालान और जुर्माना लगाया जाए तो लोग मनमर्जी से वाहन खड़े नहीं करेंगे।https://dainikhistory.com/
फिलहाल स्थिति यह है कि देवरी नगर का बस स्टैंड यात्रियों की सुविधा का केंद्र बनने के बजाय अराजकता का अड्डा बन गया है। लोग उम्मीद कर रहे हैं कि प्रशासन जल्द ही ठोस कदम उठाकर व्यवस्था बहाल करेगा।