देवरी क्षेत्र के ग्राम पंचायत टिमरावन में शुक्रवार को शासकीय हाई स्कूल के छात्र-छात्राओं को मुख्यमंत्री योजना के तहत निशुल्क साइकिल वितरित की गई। इस योजना का मकसद दूर-दराज से आने वाले बच्चों के लिए पढ़ाई को आसान बनाना और उन्हें स्कूल समय पर पहुंचने में मदद करना है।
मध्य प्रदेश सरकार की यह योजना उन बच्चों के लिए वरदान साबित हो रही है जो आर्थिक रूप से इतने संपन्न नहीं होते कि अपने पैसों से साइकिल खरीद सकें। इस अवसर पर प्राचार्य मुरारी लाल चौरसिया, जनप्रतिनिधि नगर अध्यक्ष रविंद्र रघुवंशी, उपाध्यक्ष जगदीश चौरसिया, भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ कार्यकर्ता राधे लाल रघुवंशी, अनिल रघुवंशी, पूर्व मंडल अध्यक्ष अरविंद दुबे और शाला का समस्त स्टाफ उपस्थित रहे।
इस कार्यक्रम में कुल 23 छात्र-छात्राओं को निशुल्क साइकिल वितरित की गई। इससे बच्चों को स्कूल आने-जाने में किसी भी तरह की परेशानी नहीं होगी और वे पढ़ाई में ध्यान केंद्रित कर सकेंगे।
छात्राओं ने साझा की सड़क की समस्या
हाई स्कूल टिमरावन में पढ़ने वाले कई छात्र और छात्राएं लगभग 5 किलोमीटर दूर नया खेड़ा से रोजाना पैदल आते हैं। उन्होंने कहा कि रास्ते में कई नाले और कच्चे मार्ग होने के कारण आने-जाने में उन्हें काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। बच्चियों ने बताया कि जब वे पैदल स्कूल आती हैं तो रास्ते में डर लगता है, खासकर नालों को पार करते समय।
छात्राओं ने कार्यक्रम के दौरान यह समस्या जनप्रतिनिधियों के सामने रखी। उन्होंने अनुरोध किया कि केवल साइकिल वितरण से ही काम नहीं चलेगा, बल्कि रास्ते को पक्का कर सुरक्षित बनाया जाना चाहिए। यह सुधार बच्चों के लिए स्कूल आने-जाने को और आसान और सुरक्षित बना देगा।
जनप्रतिनिधियों का आश्वासन
इस पर जनप्रतिनिधियों ने बच्चों को आश्वासन दिया कि उनकी समस्या का समाधान किया जाएगा। हालांकि उन्होंने बताया कि इस मामले को वरिष्ठ अधिकारियों तक शीघ्र पहुँचाकर मार्ग को सुगम बनाने की दिशा में कदम उठाए जाएंगे।
सरकारी योजना बच्चों के लिए वरदान
शासकीय हाई स्कूल टिमरावन में साइकिल वितरण योजना ने बच्चों की उम्मीदों पर पंख लगा दिए हैं। दूर-दराज से आने वाले बच्चे अब बिना परेशानी के स्कूल पहुँच सकेंगे। यह योजना विशेष रूप से उन बच्चों के लिए उपयोगी है जिनके पास अपने पैसों से साइकिल खरीदने की क्षमता नहीं है।
इस कार्यक्रम ने यह संदेश भी दिया कि सरकारी योजनाओं के माध्यम से शिक्षा को सुलभ और सुरक्षित बनाना प्राथमिकता है। छात्र-छात्राओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए स्कूल आने-जाने वाले रास्तों में सुधार की दिशा में भी कदम उठाए जा रहे हैं।