सिलवानी (रायसेन)। जिले के सिलवानी-सियरमऊ मार्ग पर उस वक्त अफरा-तफरी मच गई जब मजदूरों से भरी एक पिकअप वाहन अनियंत्रित होकर पलट गई। यह हादसा सिलवानी से करीब 5 किलोमीटर दूर नकटी नदी के पास हुआ, जहां 22 मजदूर पिकअप वाहन में सवार थे और सभी विदिशा से मजदूरी कर अपने घर दमोह जिले की तहसील तेंदूखेड़ा लौट रहे थे।
अचानक चिपके ब्रेक और पलट गई पिकअप
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, हादसा उस समय हुआ जब पिकअप के ब्रेक अचानक चिपक गए और ड्राइवर वाहन को संभाल नहीं पाया। तेज गति में चल रही पिकअप ने नियंत्रण खो दिया और नकटी नदी के पास अचानक पलट गई। वाहन के पलटते ही चीख-पुकार मच गई और मजदूरों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
5 से 6 मजदूर हुए घायल, तुरंत पहुंची मदद
हादसे के बाद राहगीरों ने तुरंत टोल प्लाजा और डायल-100 पर सूचना दी। कुछ ही देर में टोल प्लाजा की एम्बुलेंस और डायल-100 टीम मौके पर पहुंच गई। राहत और बचाव कार्य तेजी से शुरू किया गया। 5 से 6 मजदूर घायल पाए गए, जिनमें कुछ की हालत चिंताजनक बताई जा रही है। सभी घायलों को नजदीकी सिलवानी अस्पताल भेजा गया है, जहां उनका प्राथमिक उपचार चल रहा है।
दमोह के मजदूर कर रहे थे घर वापसी
जानकारी के अनुसार, सभी मजदूर दमोह जिले की तेंदूखेड़ा तहसील के रहने वाले हैं और विदिशा में मजदूरी करने के बाद पिकअप से वापस घर लौट रहे थे। यह पिकअप वाहन उनके लिए एकमात्र सवारी का साधन था, लेकिन ओवरलोड होने और तकनीकी खराबी के चलते यह हादसा हो गया।
प्रशासन ने दिखाई तत्परता, जांच शुरू
हादसे की जानकारी मिलते ही स्थानीय पुलिस और प्रशासनिक अमला मौके पर पहुंचा। फिलहाल घायलों का इलाज जारी है और बाकी मजदूरों को सुरक्षित उनके गांव भेजने की व्यवस्था की जा रही है। प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है कि क्या वाहन में ओवरलोडिंग थी या रखरखाव की कोई लापरवाही हुई।
हर साल दोहराती है ऐसी घटनाएं
गौर करने वाली बात है कि इस तरह के हादसे ग्रामीण क्षेत्रों में अक्सर देखने को मिलते हैं, जहां मजदूर बड़ी संख्या में पिकअप या ट्रैक्टर में बैठकर सफर करते हैं। इनमें न तो पर्याप्त सुरक्षा होती है और न ही चालक वाहन की हालत को लेकर सतर्क रहते हैं। यह हादसा भी इसी लापरवाही का नतीजा माना जा रहा है।
स्थानीय लोगों की मांग – हो सख्त कार्रवाई
स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों ने मांग की है कि ओवरलोड वाहनों पर कड़ी कार्रवाई हो, जिससे मजदूरों की जान जोखिम में न पड़े। साथ ही प्रशासन से अपील की गई है कि ऐसे मार्गों पर यातायात की निगरानी बढ़ाई जाए और खराब वाहनों की जांच समय-समय पर की जाए।
फिलहाल राहत कार्य जारी
फिलहाल प्रशासन और पुलिस की टीम मौके पर डटी हुई है और बाकी मजदूरों को सुरक्षित निकालने का काम जारी है। घायलों को बेहतर इलाज दिलाने की कोशिश की जा रही है। हादसे से लोगों में डर का माहौल है, लेकिन राहत की बात ये है कि किसी की जान नहीं गई।