शुक्रवार को सिलवानी-उदयपुरा रोड पर स्थित स्टेट हाईवे 44 उस वक्त जाम हो गया जब नाराज़ किसानों ने रास्ते में बैठकर चक्काजाम कर दिया। यह प्रदर्शन डुंगरिया गांव के पटेल वेयरहाउस में मूंग उपार्जन केंद्र में अव्यवस्थाओं को लेकर किया गया, जहां बड़ी संख्या में किसान अपनी फसल लेकर पहुंचे थे।
बढ़ती भीड़ और व्यवस्थाओं के अभाव से परेशान किसानों ने दोपहर के समय सड़क पर बैठकर जाम लगा दिया। इसके चलते दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं, जिससे आम राहगीरों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
वेयरहाउस के अव्यवस्था से परेशान हुए किसान
मिली जानकारी के मुताबिक डुंगरिया स्थित पटेल वेयरहाउस को इस बार मूंग उपार्जन केंद्र बनाया गया है। यहां शुक्रवार को बहुत बड़ी संख्या में किसान ट्रैक्टर-ट्रालियों में भरकर मूंग की उपज लेकर पहुंचे। लेकिन वेयरहाउस परिसर में जगह की कमी और वाहनों की अव्यवस्थित पार्किंग के कारण वहां अफरातफरी का माहौल बन गया।
कई किसानों को घंटों तक वेयरहाउस के बाहर खड़े रहना पड़ा और अपने नंबर का इंतज़ार करना पड़ा। जब हालात काबू से बाहर होने लगे तो नाराज किसानों ने स्टेट हाईवे 44 पर चक्काजाम कर दिया।
सड़क पर बैठ गए किसान, यातायात हुआ ठप
किसानों के सड़क पर बैठ जाने से सिलवानी-उदयपुरा मार्ग पूरी तरह से बंद हो गया। दोनो ओर से छोटे-बड़े वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। गर्मी और धूप में फंसे यात्री परेशान होते रहे।
इसकी सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आया। मौके पर एसडीएम पी.सी. शाक्य, एसडीओपी अनिल मौर्य और तहसीलदार सुधीर शुक्ला तत्काल पहुंचे और किसानों से बात की।
प्रशासन ने समझाइश दी, किसानों ने समाप्त किया जाम
प्रशासनिक अधिकारियों ने किसानों से उनकी समस्याएं सुनीं और उन्हें आश्वासन दिया कि उपार्जन केंद्र पर जल्द ही व्यवस्था सुधारी जाएगी और मूंग तुलवाई के लिए पर्याप्त स्टाफ व जगह उपलब्ध कराई जाएगी।
अधिकारियों की समझाइश और संवाद के बाद किसान शांत हुए और चक्काजाम समाप्त कर दिया। इसके बाद धीरे-धीरे यातायात फिर से सुचारु हुआ।
एसडीएम ने दी जानकारी
एसडीएम पी.सी. शाक्य ने बताया कि पटेल वेयरहाउस को मूंग उपार्जन केंद्र बनाया गया है। शुक्रवार को किसानों की संख्या अधिक हो जाने और जगह की कमी से व्यवस्था बिगड़ गई थी, जिससे किसानों में असंतोष पैदा हुआ। हालात को देखते हुए प्रशासनिक टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को नियंत्रित किया और अब व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रदर्शन में शामिल किसानों की थी ये मांगें
प्रदर्शन कर रहे किसानों की प्रमुख मांगें थीं:
उपार्जन केंद्र पर तुलाई की गति बढ़ाई जाए
पर्याप्त स्टाफ तैनात किया जाए
ट्रैक्टर-ट्रालियों की लंबी कतारों को व्यवस्थित किया जाए
बैठने, पानी और छांव की सुविधा हो
प्रशासन ने किसानों को भरोसा दिलाया है कि आने वाले दिनों में इन सभी समस्याओं का समाधान कर दिया जाएगा।