भगवत सिंह बताते हैं कि पहले उनका पूरा परिवार कच्ची झोपड़ी में बड़ी मुश्किल से रहता था। बरसात के दिनों में तो हाल और भी बुरा हो जाता था। लेकिन जैसे ही उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत मकान बनाने की मंजूरी मिली, मानो उनकी जिंदगी बदल गई।
रायसेन प्रधानमंत्री आवास योजना ने गांव के एक आम किसान भगवत सिंह की जिंदगी को नई दिशा दी है। रायसेन जिले के सांची जनपद के छोटे से गांव मुक्तापुर में रहने वाले भगवत सिंह और उनका परिवार आज पक्के मकान में सुकून भरी जिंदगी जी रहा है। कभी कच्ची झोपड़ी में रहकर तंगहाली झेलने वाला ये परिवार अब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का धन्यवाद करते नहीं थकता।
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प्रधानमंत्री जनमन योजना के तहत विशेष पिछड़ी जनजाति वर्ग के लोगों को सीधा फायदा मिल रहा है। इस योजना ने ना सिर्फ पक्के मकान का सपना पूरा किया, बल्कि भगवत सिंह जैसे जरूरतमंद परिवारों को आत्मनिर्भर और सम्मानजनक जीवन जीने का मौका भी दिया है।
कच्चे से पक्के घर तक का सफर
भगवत सिंह बताते हैं कि पहले उनका पूरा परिवार कच्ची झोपड़ी में बड़ी मुश्किल से रहता था। बरसात के दिनों में तो हाल और भी बुरा हो जाता था। लेकिन जैसे ही उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत मकान बनाने की मंजूरी मिली, मानो उनकी जिंदगी बदल गई।
पंचायत में कागजी कार्यवाही पूरी होते ही उन्हें पहली किश्त की राशि मिली, जिससे मकान का निर्माण शुरू हुआ। फिर जैसे-जैसे मकान तैयार होता गया, समय-समय पर अगली किश्त की राशि भी मिलती रही। और आखिरकार कुछ ही महीनों में उनका सपनों का घर बनकर तैयार हो गया।
मजदूरी भी मिली, सम्मान भी बढ़ा
इस योजना की एक खास बात यह भी रही कि मकान निर्माण के दौरान उन्हें मनरेगा के तहत मजदूरी भी दी गई। यानी घर बनाते हुए उन्हें आमदनी का भी साधन मिला। इससे न सिर्फ उनके परिवार की आर्थिक स्थिति में सुधार हुआ, बल्कि आत्मनिर्भरता का आत्मविश्वास भी मिला।
भगवत सिंह कहते हैं, “पहले कच्चे घर में रहना बहुत मुश्किल था, खासकर बच्चों के लिए। अब पक्की छत है, पक्की दीवारें हैं, और समाज में भी इज्जत बढ़ी है। अब कोई हमें गरीब समझकर नजरअंदाज नहीं करता।”
सरकारी योजनाओं का मिल रहा पूरा फायदा
प्रधानमंत्री आवास योजना के साथ-साथ भगवत सिंह को अन्य सरकारी योजनाओं का भी फायदा मिल रहा है। उनके पास अब आयुष्मान भारत कार्ड है, जिससे उनका और उनके परिवार का स्वास्थ्य खर्च सरकार उठा रही है। इसके अलावा उन्हें राशन कार्ड और संबल कार्ड जैसी योजनाओं का भी लाभ मिला है।
भगवत सिंह का कहना है, “पहले कभी सोचा नहीं था कि हम भी पक्के मकान में रह पाएंगे। अब लगता है जैसे सपना सच्चाई बन गया हो। हम प्रधानमंत्री जी और मुख्यमंत्री जी के आभारी हैं।”
सरकार का संकल्प – हर गरीब को पक्का मकान
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में केंद्र और राज्य सरकार मिलकर गरीबों को बेहतर जीवन देने के लिए लगातार प्रयास कर रही हैं। खासकर आर्थिक रूप से कमजोर और पिछड़ी जनजातियों के लिए चल रही ये योजनाएं एक वरदान बनकर सामने आ रही हैं।
मुक्तापुर गांव में भगवत सिंह के पक्के घर की यह कहानी हजारों उन लोगों को उम्मीद देती है, जो अभी भी कच्चे मकान में रह रहे हैं। सरकार का लक्ष्य है कि हर जरूरतमंद को उसका खुद का घर मिले – पक्का और सुरक्षित।