रायपुर, 23 जुलाई 2025। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने जशपुर जिले के लोगों को एक और बड़ी सौगात दी है। क्षेत्र के विकास को देखते हुए 11 करोड़ 52 लाख 43 हजार रुपए की प्रशासकीय स्वीकृति प्रदान की गई है। इस राशि से जिले के तीन अलग-अलग स्थानों पर उच्च स्तरीय पुल और पहुंच मार्ग का निर्माण किया जाएगा।
इस कदम से बारिश के दिनों में बार-बार टूटने वाले रास्तों की समस्या खत्म होगी और ग्रामीणों को सालभर बेहतर सड़क कनेक्टिविटी मिलेगी। साथ ही आपातकालीन सेवाएं जैसे एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड भी आसानी से गांवों तक पहुंच सकेंगी।
कहां-कहां बनेंगे पुल?
- चंपाझरिया नाला पर पुल:
बोडोकछार-चटकपुर मार्ग पर स्थित चंपाझरिया नाला पर 4 करोड़ 46 लाख 58 हजार रुपए की लागत से उच्च स्तरीय पुल और संपर्क मार्ग बनाया जाएगा। यह मार्ग कई गांवों को जोड़ता है और बरसात में अक्सर टूट जाता है।
कोकिया नदी पर बनेगा उच्च स्तरीय पुल:
भालूमुंडा-खजूरघाट मार्ग पर बहने वाली कोकिया नदी पर अब 3 करोड़ 32 लाख रुपए की लागत से एक उच्च स्तरीय पुल और संपर्क मार्ग का निर्माण किया जाएगा। इस परियोजना से क्षेत्रवासियों को वर्षभर निर्बाध और सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सकेगी।
- गुढ़ा नाला पर पुल:
डूमरबहार-तमता मार्ग पर स्थित शेखरपुर के पास गुढ़ा नाला पर 3 करोड़ 73 लाख 85 हजार रुपए की लागत से पुल बनेगा। इसके बनने से यातायात के साथ-साथ स्वास्थ्य, शिक्षा और व्यापार क्षेत्र में भी सुधार आएगा।
गांवों तक पहुंचेगी विकास की राह
इन तीनों पुलों के निर्माण से आसपास के हजारों ग्रामीणों को सीधे तौर पर लाभ मिलेगा। बरसात के मौसम में जो गांव अब तक शहर से कट जाते थे, वे अब सालभर मुख्य सड़क से जुड़े रहेंगे। इससे न केवल आवाजाही आसान होगी, बल्कि स्कूली बच्चों, मरीजों और किसानों को भी बड़ी राहत मिलेगी।
सरकार की विकासशील सोच को मिला समर्थन
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की इस घोषणा के बाद स्थानीय लोगों ने उनका आभार व्यक्त किया है। लोगों का कहना है कि राज्य सरकार का यह कदम वास्तव में दूरस्थ क्षेत्रों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण है।
मुख्यमंत्री पहले भी कई बार कह चुके हैं कि जशपुर जैसे पहाड़ी और ग्रामीण इलाकों में कनेक्टिविटी मजबूत करना उनकी प्राथमिकता है। इसी सोच के तहत यह बड़ी राशि पुल निर्माण के लिए स्वीकृत की गई है।