लखनऊ। Lucknow road safety meeting जिले में बढ़ते सड़क हादसों को रोकने और लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के लिए शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला सड़क सुरक्षा समिति की बैठक आयोजित की गई। इस बैठक की अध्यक्षता जिलाधिकारी विशाख जी. ने की। बैठक में उन्होंने साफ कहा कि सड़क सुरक्षा से कोई समझौता नहीं होगा और नियम तोड़ने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
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बैठक में डीएम ने खासतौर पर शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों के खिलाफ सख्ती बरतने के निर्देश दिए। उन्होंने पुलिस और परिवहन विभाग को कहा कि ऐसे लोगों पर कड़ी नजर रखी जाए और पकड़ में आने पर तत्काल कार्रवाई हो। इसके अलावा ओवरलोडेड वाहनों की जांच, ट्रैफिक नियमों के पालन और लोगों को जागरूक करने के लिए विशेष अभियान चलाने पर भी जोर दिया गया।
ब्लैक स्पॉट्स पर डीएम का फोकस
बैठक में अधिशासी अभियंता लोक निर्माण विभाग सतेंद्र नाथ ने जानकारी दी कि जिले में कुल 58 ब्लैक स्पॉट्स चिन्हित किए गए थे। इनमें से 53 स्थानों पर सुधार कार्य पूरा कर लिया गया है, जबकि 5 जगहों पर काम तेजी से जारी है। जिलाधिकारी ने दयाल पैराडाइज, लोहिया पथ और प्लासियों माल रैंप से जुड़े ब्लैक स्पॉट्स पर प्रगति की रिपोर्ट मांगी। विभाग ने बताया कि इन सभी स्थानों पर काम अंतिम चरण में है और अगली बैठक से पहले इन्हें पूरा कर लिया जाएगा। Lucknow road safety meeting
डीएम ने कहा कि सड़क हादसे कम करने के लिए ब्लैक स्पॉट्स पर सुधार कार्य को समय से पूरा करना बेहद जरूरी है। उन्होंने अधिकारियों को सख्त लहजे में चेतावनी दी कि लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। https://dainikhistory.com/
हादसों के समय बेहतर मेडिकल सुविधाएं हों उपलब्ध
जिलाधिकारी ने बैठक के दौरान ब्लैक स्पॉट्स के पास मौजूद अस्पतालों और मेडिकल सुविधाओं की भी समीक्षा की। उन्होंने याद दिलाया कि पिछली बैठक में बीकेटी स्थित राम सागर मिश्र 100 शैय्या अस्पताल में एक्सीडेंट केयर और ट्रॉमा सेंटर बनाने का प्रस्ताव दिया गया था। इस पर अधिशासी अभियंता ने बताया कि चिकित्सा विभाग के साथ मिलकर इसकी रूपरेखा तैयार की जा रही है और जल्द ही राज्य स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति को भेजा जाएगा। Lucknow road safety meeting
डीएम ने स्पष्ट कहा कि सड़क हादसे के शिकार लोगों को गोल्डन ऑवर में इलाज मिलना बेहद जरूरी है। इसके लिए अस्पतालों में जरूरी सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता होनी चाहिए।
स्कूल बसों और ड्राइवर्स पर भी होगी सख्त जांच
बैठक में जिलाधिकारी ने स्कूलों की सुरक्षा पर भी चर्चा की। एसोसिएट जिला विद्यालय निरीक्षक ने जानकारी दी कि जिले के 525 विद्यालयों ने अपने छात्रों के परिवहन साधनों और ड्राइवरों का पूरा डेटा प्रशासन को सौंप दिया है। इस पर डीएम ने एआरटीओ को निर्देश दिया कि सभी ड्राइवर्स का पुलिस वेरिफिकेशन कराया जाए। Lucknow road safety meeting
उन्होंने साफ कहा कि जो चालक पुलिस जांच में फेल होंगे, उन्हें तुरंत बच्चों के परिवहन से हटा दिया जाए। साथ ही, मिशन भरोसा पोर्टल पर जो स्कूल अब तक ऑनबोर्ड नहीं हुए हैं, उन्हें तुरंत जोड़ा जाए।
डीएम ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि बच्चों की सुरक्षा में किसी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
एनएचएआई और अन्य विभागों को भी मिले निर्देश
बैठक के अंत में जिलाधिकारी ने कहा कि राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) के जिम्मेदार अधिकारी यह सुनिश्चित करें कि जिन बिंदुओं पर सुधारात्मक कार्य की जरूरत है, वहां जल्द से जल्द काम पूरा किया जाए। उन्होंने कहा कि अगली बैठक में एनएचएआई से जुड़ी प्रगति रिपोर्ट भी एजेंडे में शामिल होगी। Lucknow road safety meeting
डीएम ने साफ कहा कि सड़क सुरक्षा से जुड़े हर बिंदु पर नियमित मॉनिटरिंग होगी और विभागों को अपने-अपने काम का पूरा हिसाब देना होगा।
लोगों से भी की अपील
बैठक में जिलाधिकारी ने आम लोगों से भी अपील की कि वे ट्रैफिक नियमों का पालन करें और सड़क पर जिम्मेदार नागरिक की तरह व्यवहार करें। उन्होंने कहा कि छोटे-छोटे प्रयास बड़े हादसों को रोक सकते हैं। हेलमेट और सीट बेल्ट का इस्तेमाल, ओवरस्पीडिंग से बचना और शराब पीकर गाड़ी न चलाना हर किसी की जिम्मेदारी है