मथुरा। Brajraj Utsav 2025 दिवाली का त्योहार खत्म होते ही ब्रजभूमि एक बार फिर सांस्कृतिक रंगों और परंपराओं से जगमगाने वाली है। उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद ने इस साल के ब्रज रज उत्सव की तिथियां तय कर दी हैं। यह भव्य आयोजन 26 अक्टूबर से 5 नवंबर 2025 तक मथुरा में धूमधाम से किया जाएगा।
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परिषद की ओर से बुधवार को कार्यालय सभागार में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता सीईओ श्याम बहादुर सिंह ने की, जिसमें उत्सव की तैयारियों और कार्यक्रमों पर विस्तार से चर्चा की गई। Brajraj Utsav 2025
11 दिनों तक चलेगा सांस्कृतिक मेला
ब्रज रज उत्सव को हर साल श्रद्धालु और पर्यटक बड़ी उत्सुकता से देखते हैं। इस बार भी इसे और भव्य बनाने की योजना बनाई गई है। बैठक में तय किया गया कि उत्सव में ब्रज के स्थानीय कलाकारों के साथ-साथ देशभर के प्रख्यात कलाकारों को भी आमंत्रित किया जाएगा। ये सभी अपनी प्रस्तुतियों से ब्रज की संस्कृति और भारतीय परंपराओं का रंग बिखेरेंगे। Brajraj Utsav 2025
उत्सव में सांस्कृतिक विविधता के साथ-साथ मनोरंजन का भी पूरा इंतजाम होगा। छोटे-बड़े झूले, खान-पान के आकर्षक स्टॉल, हस्तशिल्प और लोककला प्रदर्शनियां इसमें खास आकर्षण का केंद्र होंगी। Brajraj Utsav 2025
सजावट और व्यवस्थाओं पर खास ध्यान
बैठक में यह भी तय हुआ कि आयोजन स्थल को विशेष सजावट से सजाया जाएगा। रोशनी और पारंपरिक थीम से पूरे परिसर को उत्सवमय माहौल में बदल दिया जाएगा। प्रशासन की ओर से सुरक्षा और सुविधाओं की पुख्ता व्यवस्था पर भी चर्चा हुई।
सीईओ श्याम बहादुर सिंह ने कहा कि,
“ब्रज रज उत्सव सिर्फ मनोरंजन का साधन नहीं है, बल्कि यह ब्रज की परंपरा, संस्कृति और अध्यात्म का जीवंत मंच है। यही कारण है कि हर साल हजारों की संख्या में लोग इसका इंतजार करते हैं।” Brajraj Utsav 2025
उन्होंने आगे बताया कि जिला प्रशासन और पर्यटन विभाग के सहयोग से परिषद इस बार उत्सव को और खास बनाने की दिशा में काम कर रही है। Brajraj Utsav 2025
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ब्रज की पहचान से जुड़ा उत्सव
ब्रज रज उत्सव को सिर्फ एक सांस्कृतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि ब्रज की आत्मा से जुड़ा आयोजन माना जाता है। यहां आने वाले पर्यटक न सिर्फ कला और संस्कृति का आनंद उठाते हैं, बल्कि ब्रजभूमि की ऐतिहासिक और धार्मिक महत्ता को भी करीब से महसूस करते हैं। यही कारण है कि यह आयोजन हर साल देशभर के पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र बन चुका है।
बैठक में शामिल हुए गणमान्य लोग
इस बैठक में उत्सव की तैयारियों को लेकर कई महत्वपूर्ण सुझाव भी रखे गए। इसमें एसीईओ मदन चंद्र दुबे, वित्त अधिकारी विनय सिंह, गीता शोध संस्थान वृंदावन के निदेशक प्रो. दिनेश खन्ना, उमेश चंद्र शर्मा, चंद्र प्रताप सिंह सिकरवार और अनूप शर्मा समेत कई अधिकारी और गणमान्य लोग मौजूद रहे। सभी ने उत्सव को सफल बनाने के लिए अपनी-अपनी राय दी।
पर्यटकों और श्रद्धालुओं की बढ़ेगी भीड़
ब्रज रज उत्सव हर साल हजारों पर्यटकों और श्रद्धालुओं को मथुरा की ओर खींचता है। दिवाली के तुरंत बाद होने के कारण शहर में पहले से ही धार्मिक और सांस्कृतिक माहौल बना रहता है। ऐसे में 11 दिनों तक चलने वाला यह आयोजन मथुरा के पर्यटन और स्थानीय व्यापार दोनों को नई ऊर्जा देगा। Brajraj Utsav 2025
स्थानीय लोगों का मानना है कि इस उत्सव से ब्रज की सांस्कृतिक पहचान और धार्मिक महत्ता को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का बेहतरीन मौका मिलता है। वहीं, पर्यटक यहां की लोककलाओं, खान-पान और परंपराओं से रूबरू होते हैं।
ब्रजभूमि का ब्रज रज उत्सव 2025 सिर्फ एक आयोजन नहीं, बल्कि परंपरा और संस्कृति का उत्सव है। इस बार 26 अक्टूबर से 5 नवंबर तक चलने वाले इस कार्यक्रम में देशभर के कलाकार, हस्तशिल्प, झूले और खान-पान सब कुछ होगा। ऐसे में मथुरा आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए यह दिवाली के बाद एक यादगार अनुभव साबित होगा। Brajraj Utsav 2025