रविशंकर सोनी पन्ना/पवई। outsourced staff meeting मंगलवार को पवई के माता कलेही मंदिर परिसर में मध्यप्रदेश आउटसोर्स कर्मचारी संगठन की जिला स्तरीय बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य जिले के आउटसोर्स कर्मचारियों की समस्याओं पर चर्चा करना और उनके लिए जरूरी कदम उठाना था।
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बैठक में संगठन के नेताओं ने बिजली कंपनी में कार्यरत अनुभवी आउटसोर्स कर्मचारियों के संविलयन को प्राथमिकता देते हुए कहा कि सभी कर्मचारियों को विभागीय परीक्षा के माध्यम से स्थायी पदों पर नियुक्त किया जाना चाहिए। इस मुद्दे पर जोर देते हुए नेताओं ने कहा कि यह कदम कर्मचारियों के भविष्य और नौकरी की सुरक्षा के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। https://dainikhistory.com/
संगठन ने बैठक में केवल संविलयन ही नहीं, बल्कि पूरे जिले में कार्यरत आउटसोर्स कर्मचारियों की विविध समस्याओं पर भी चर्चा की। बिजली कंपनी में कार्यरत कर्मचारियों को वेतन, बीमा, कार्य की शर्तों और अन्य भत्तों से जुड़ी परेशानियों का समाधान करने के लिए संगठन ने जिम्मेदार अधिकारियों से बातचीत करने का संकल्प लिया। बैठक में कर्मचारियों को यह भी बताया गया कि संगठन आगामी समय में और अधिक जागरूकता और संवाद कार्यक्रम आयोजित करेगा ताकि हर कर्मचारी की समस्या को सुना और हल किया जा सके।
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प्रदेश अध्यक्ष राहुल मालबीय ने बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि आउटसोर्स कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर संगठन पूरी तरह सक्रिय है। उन्होंने बताया कि संगठन पूरे प्रदेश में “कर्मचारी संवाद कार्यक्रम” चला रहा है, जिसके तहत सभी जिलों में कर्मचारियों से सीधे संवाद किया जा रहा है। यह कार्यक्रम कर्मचारियों की आवाज़ को प्रशासन तक पहुंचाने और उनके हक़ के लिए लड़ने का एक प्रयास है। outsourced staff meeting
जिला अध्यक्ष रामाधार पाठक ने बैठक में उपस्थित कर्मचारियों को समझाया कि संविलयन और अन्य मांगों के लिए संगठन लगातार प्रयासरत है। उन्होंने सभी कर्मचारियों से आग्रह किया कि वे संगठन के निर्देशों का पालन करें और मिलकर अपनी आवाज़ को मजबूत बनाएं। outsourced staff meeting
बैठक में मीडिया प्रभारी सतीश साहू, इशाख खान, प्रकाश सिगरोल, मुकेश नामदेव, अजीज खान, वीरेन्द्र सिंह, शिवा चौरसिया, धर्मेन्द्र राठौर, विकास चतुर्वेदी, राजेश नामदेव सहित जिले और आसपास के अन्य स्थानों के आउटसोर्स कर्मचारी भी मौजूद रहे। सभी ने संगठन की मांगों और कार्यक्रमों पर सहमति जताई और आने वाले दिनों में संगठन के साथ मिलकर अपनी समस्याओं के समाधान की दिशा में कदम बढ़ाने का संकल्प लिया। outsourced staff meeting
बैठक में यह भी तय किया गया कि संगठन जल्द ही जिले में एक और संवाद बैठक का आयोजन करेगा, जिसमें बिजली कंपनी के अधिकारियों को भी आमंत्रित किया जाएगा। ताकि कर्मचारियों की समस्याओं को सीधे अधिकारियों तक पहुंचाया जा सके और उनका समाधान शीघ्र किया जा सके। outsourced staff meeting
कर्मचारियों ने बैठक के दौरान यह स्पष्ट किया कि वे केवल अपने हक़ के लिए लड़ रहे हैं और संगठन के साथ मिलकर ही अपने अधिकारों की रक्षा कर सकते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि संविलयन और अन्य मांगों के लिए संगठन की कोशिशों में हर कर्मचारी पूरी तरह से सहयोग करेगा। outsourced staff meeting
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पवई से रविशंकर सोनी की रिपोर्ट के अनुसार, यह बैठक न सिर्फ कर्मचारियों की समस्याओं को सामने लाने का माध्यम बनी, बल्कि संगठन और कर्मचारियों के बीच संवाद को भी मजबूत किया। यह कदम आने वाले दिनों में कर्मचारियों के लिए सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में महत्वपूर्ण साबित होगा। outsourced staff meeting
मध्यप्रदेश आउटसोर्स कर्मचारी संगठन की यह पहल यह दिखाती है कि जब कर्मचारी एकजुट होकर अपनी समस्याओं को साझा करते हैं और संगठन उनके साथ खड़ा होता है, तो उनके हक़ की लड़ाई और भी मजबूत होती है। जिले के सभी आउटसोर्स कर्मचारियों ने बैठक में भाग लेकर यह संदेश दिया कि वे अपने अधिकारों के लिए किसी भी हद तक जा सकते हैं, बशर्ते वे संगठित और एकजुट रहें।
इस बैठक के बाद संगठन की आगामी योजनाओं और कार्यक्रमों को लेकर कर्मचारियों में उत्साह और उम्मीद की लहर है। कर्मचारियों का मानना है कि यदि संगठन लगातार इस प्रकार संवाद और प्रयास जारी रखेगा, तो बिजली कंपनी में संविलयन और अन्य समस्याओं का समाधान निश्चित रूप से संभव है।