मुस्ताक कुरैशी, मनेंद्रगढ़ , Politics of hate जिले में कांग्रेस और भाजपा आमने-सामने आ गए हैं। दरअसल, भाजपा समर्थकों ने कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष और मौजूदा लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का पुतला दहन किया। इस दौरान एक ऐसा दृश्य सामने आया जिसने पूरे जिले में राजनीतिक माहौल गरमा दिया। पुलिस की मौजूदगी में एक नाबालिग बच्चे से पुतले को चप्पल मरवाई गई, जिसे कांग्रेस ने लोकतंत्र और बच्चों के अधिकारों पर हमला बताया है। Politics of hate
Table of Contents
जिला कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष अशोक श्रीवास्तव ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि भाजपा और उसकी गोडसेवादी विचारधारा लोकतंत्र को बहस और संवाद की जगह नफ़रत और हिंसा में बदल रही है। उन्होंने कहा कि भाजपा की राजनीति झूठ, फरेब और हिंसा पर आधारित है और इसी गंदी राजनीति में नाबालिग अबोध बच्चों को धकेला जा रहा है, जो बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है।
“बाल अधिकारों का हनन, कानून का उल्लंघन” – कांग्रेस
जिला कांग्रेस प्रवक्ता सौरव मिश्रा ने कहा कि मासूम नाबालिग बच्चे को हिंसा और द्वेष का औजार बनाना केवल अमानवीय ही नहीं, बल्कि बाल अधिकारों का सीधा हनन है। उन्होंने कहा कि यह कृत्य जुवेनाइल जस्टिस एक्ट और भारतीय दंड संहिता (IPC) का गंभीर उल्लंघन है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब यह सब पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी में हुआ तो आखिर इसकी अनुमति किसने दी? Politics of hate
मिश्रा ने आगे कहा कि गांधी-नेहरू परिवार ने देश की एकता, अखंडता और आतंकवाद के खिलाफ अपनी शहादत दी है। ऐसे परिवार के सदस्य का अपमान करना दरअसल देश की लोकतांत्रिक परंपरा और शहीदों की विरासत पर हमला करना है। Politics of hate
“भाजपा बच्चों को अंधकार में धकेल रही है” – नेता प्रतिपक्ष
कांग्रेस के नेता प्रतिपक्ष अनिल प्रजापति ने कहा कि भाजपा नेता नफरत फैलाने की राजनीति कर रहे हैं। ऐसे लोग देश के भविष्य यानी बच्चों को हिंसा और द्वेष की अंधकारमय राह पर धकेल रहे हैं। यह केवल राजनीति का मुद्दा नहीं बल्कि आने वाली पीढ़ी के भविष्य से खिलवाड़ है। Politics of hate
कांग्रेस ने सौंपा ज्ञापन
जिला कांग्रेस कमेटी ने पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर इस पूरे मामले की तात्कालिक जांच की मांग की है। ज्ञापन में कहा गया कि दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए। साथ ही, नाबालिग को हिंसा और नफ़रत में शामिल करने वाले व्यक्तियों पर जुवेनाइल जस्टिस एक्ट 2015 की धारा 75 और 79 सहित संबंधित IPC की धाराओं में FIR दर्ज की जाए। Politics of hate
कांग्रेस नेताओं ने प्रशासन से यह भी मांग की है कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए जाएं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र और बच्चों के अधिकारों की रक्षा करना जिला प्रशासन की जिम्मेदारी है। Politics of hate
घटना से कांग्रेस का आक्रोश चरम पर
इस घटना ने कांग्रेस कार्यकर्ताओं में जबरदस्त आक्रोश पैदा कर दिया है। उनका कहना है कि भाजपा की यह सोच लोकतांत्रिक परंपराओं के खिलाफ है। एक तरफ भाजपा “संस्कार” और “संस्कृति” की बात करती है, वहीं दूसरी ओर नाबालिग को हिंसा की राजनीति में धकेलकर देश की भविष्य पीढ़ी को गलत राह दिखा रही है। Politics of hate https://dainikhistory.com/
ज्ञापन सौंपने के दौरान जिला अध्यक्ष अशोक श्रीवास्तव, प्रवक्ता सौरव मिश्रा, नेता प्रतिपक्ष अनिल प्रजापति, पार्षद अजय जायसवाल, गिरधर जायसवाल, अनिल वर्मा, शिवेंद्र राजपूत, सैफ नियाजी, मोहानी महतो और गीतिका चंदेल सहित कई अन्य कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे। Politics of hate