सय्यद आफ़ताब अली शाजापुर। स्वतंत्रता दिवस का जश्न इस बार शाजापुर में कुछ खास रहा। यहां जिला मुख्यालय पर आयोजित मुख्य समारोह में मंच पर तब तालियों की गड़गड़ाहट गूंज उठी, जब मलखंब के नन्हे-मुन्ने और युवा खिलाड़ियों ने अपनी अद्भुत कला का प्रदर्शन किया। हवा में लटकते, रस्सी पर चढ़ते और खंभे पर संतुलन बनाते इन खिलाड़ियों को देख हर कोई दंग रह गया।
50 से अधिक खिलाड़ियों की टीम ने दिखाया कमाल
कार्यक्रम के दौरान 50 से ज्यादा खिलाड़ियों ने सामूहिक रूप से अलग-अलग मलखंब विधाओं में अपनी प्रस्तुति दी। किसी ने ऊंचाई पर जाकर करतब दिखाया, तो किसी ने पल भर में खंभे पर चढ़कर अद्भुत पोज़ बना दिया। छोटे-छोटे बच्चों का यह आत्मविश्वास और लचक देखकर दर्शकों के चेहरे पर मुस्कान और हैरानी दोनों नजर आई।
खिलाड़ियों की मेहनत और प्रशिक्षण का नतीजा
युवक और खेल कल्याण विभाग के अधिकारी रविंद्र हार्डिया ने बताया कि विभाग लगातार खिलाड़ियों को प्रशिक्षण देता है और उन्हें राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने के लिए हर संभव प्रयास करता है। यही वजह है कि शाजापुर के कई खिलाड़ी पहले भी राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में अपना दमखम दिखा चुके हैं और जिले का नाम रोशन कर चुके हैं।
हार्डिया ने यह भी कहा कि विभाग का मकसद सिर्फ खिलाड़ियों को मंच देना ही नहीं, बल्कि उनकी प्रतिभा को निखारना और उन्हें बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना भी है।
अतिथियों ने खिलाड़ियों को किया सम्मानित
कार्यक्रम में मौजूद कलेक्टर, स्थानीय विधायक और अन्य अतिथियों ने मलखंब खिलाड़ियों की कला की जमकर तारीफ की। उन्होंने खिलाड़ियों को उनके शानदार प्रदर्शन के लिए मंच पर बुलाकर पुरस्कृत भी किया। खिलाड़ियों के चेहरे पर इस सम्मान के बाद खुशी साफ झलक रही थी।
दर्शकों के लिए यादगार पल
स्वतंत्रता दिवस पर आमतौर पर हम झंडा वंदन, भाषण और सांस्कृतिक कार्यक्रम देखते हैं, लेकिन इस बार शाजापुर में मलखंब की कला ने माहौल को अलग ही रंग दे दिया। दर्शकों ने न सिर्फ इन करतबों का लुत्फ उठाया, बल्कि मोबाइल कैमरे से इन पलों को कैद भी किया।
मलखंब – परंपरा और फिटनेस का संगम
मलखंब सिर्फ एक खेल नहीं है, बल्कि यह भारतीय परंपरा से जुड़ा हुआ एक प्राचीन व्यायाम है। इससे शरीर में लचीलापन, संतुलन और ताकत तीनों बढ़ते हैं। शाजापुर के खिलाड़ी इस कला को न सिर्फ संजो रहे हैं, बल्कि इसे नई पीढ़ी तक पहुंचाने का काम भी कर रहे हैं।
भविष्य के सितारे तैयार हो रहे हैं
इन नन्हे-मुन्ने खिलाड़ियों को देखकर साफ कहा जा सकता है कि आने वाले समय में शाजापुर के नाम के कई सितारे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंच पर चमकेंगे। विभाग की ओर से लगातार हो रहे प्रशिक्षण और खिलाड़ियों के जुनून से यह सपना जल्द ही साकार हो सकता है।