ग्वालियर (Gwalior soldier case) ग्वालियर में तैनात एक फौजी ने अपनी और अपनी मां की जान को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं। वेस्टर्न कमांड में पदस्थ फौजी देवेंद्र राजावत का कहना है कि उसकी जिंदगी को खतरा किसी बाहरी व्यक्ति से नहीं, बल्कि उसकी पत्नी वंदना और उसके पुलिसकर्मी जीजा से है। मामला तेजी से चर्चा में है, क्योंकि देवेंद्र ने साफ कहा है कि वह इंदौर के राजा रघुवंशी जैसी घटनाओं का शिकार नहीं होना चाहता।
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देवेंद्र राजावत की शादी को महज छह महीने ही हुए हैं, लेकिन इस दौरान जो कुछ भी हुआ, उसने फौजी को इतना परेशान कर दिया है कि वह खुले तौर पर पुलिस-प्रशासन से सुरक्षा मांग रहा है। देवेंद्र का आरोप है कि उसकी पत्नी वंदना चौहान और उसका जीजा कभी भी उसकी और उसकी मां की हत्या कर प्रॉपर्टी हथिया सकते हैं। (Gwalior soldier case)
शादी की पहली रात रखी गई थीं चार हैरान करने वाली शर्तें
फौजी देवेंद्र ने बताया कि शादी की पहली ही रात वंदना ने उसके सामने चार अजीब शर्तें रख दी थीं— (Gwalior soldier case)
- चार साल तक बच्चा नहीं करना है।
- मां के नाम की प्रॉपर्टी उसके नाम करनी होगी।
- और भी दो निजी शर्तें थीं, जिनके चलते वह शुरू से मानसिक दबाव में रहा।
देवेंद्र बताता है कि वह फौजी है, फिर भी पत्नी की बातों में आकर उसने शुरुआत में मामले को शांतिपूर्वक संभालने की कोशिश की। मई 2025 में वह जैसे-तैसे वंदना को मनाकर गोला का मंदिर इलाके में स्थित अपने घर लेकर आया। लेकिन अगला ही दिन उसके लिए मुसीबत लेकर आया—वंदना अपने जीजा कमल किशोर तोमर के साथ घर छोड़कर चली गई।
फौजी की ड्यूटी के दौरान बढ़ गईं धमकियां
देवेंद्र की ड्यूटी ऑपरेशन सिंदूर में लगी हुई थी। इस दौरान, उसके मुताबिक, वंदना का जीजा कमल किशोर तोमर और ससुराल पक्ष लगातार उसे धमकाते रहे। देवेंद्र कहता है कि जब वह ग्वालियर में था, तब भी वंदना के घरवालों ने उसके साथ और उसकी मां के साथ मारपीट की थी।
यहां सबसे बड़ी बात यह है कि—
- वंदना का जीजा आगरा के सदर थाने में तैनात पुलिसकर्मी है।
- वंदना मुरैना के ब्लड बैंक में कार्यरत है।
देवेंद्र को डर है कि उसकी गैर-मौजूदगी में उसकी मां किसी बड़ी घटना का शिकार हो सकती है।
फौजी का गंभीर आरोप – “50 लाख रुपये दो वरना जान से मार देंगे”
देवेंद्र राजावत का आरोप है कि वंदना का जीजा कमल किशोर लगातार उसे और उसकी मां को धमकी दे रहा है।
उसके अनुसार, कमल किशोर कह रहा है कि—
“वंदना के नाम 50 लाख रुपए कर दो, नहीं तो अंजाम खराब होगा।”
देवेंद्र ने यह भी दावा किया कि कमल किशोर तोमर रेत और शराब के अवैध कारोबार से जुड़ा हुआ है और अपने पुलिस पद का दुरुपयोग करता है। (Gwalior soldier case)
जनसुनवाई में भी लगा चुका है आवेदन, कार्रवाई शून्य
देवेंद्र ने बताया कि पिछले महीने भी उसने प्रशासन से मदद की गुहार लगाई थी। उसने जनसुनवाई में आवेदन दिया था, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई।
अब फिर एक बार उसने सुरक्षा की मांग की है। पुलिस की ओर से कहा गया है कि—
- दोनों पक्षों को बुलाकर समझाइश दी जाएगी।
- देवेंद्र की बुजुर्ग मां की सुरक्षा भी सुनिश्चित की जाएगी।
लेकिन फौजी का कहना है कि उसकी पत्नी और उसके जीजा के खिलाफ उसके पास ठोस सबूत हैं। अगर पुलिस ने समय रहते कार्रवाई नहीं की, तो कोई भी बड़ी घटना हो सकती है।
क्या है राजा रघुवंशी वाला मामला?
पिछले दिनों इंदौर के राजा रघुवंशी का मामला काफी सुर्खियों में रहा था, जिसमें कथित तौर पर पारिवारिक विवाद के चलते उनकी हत्या हुई थी। इसी घटना का जिक्र करते हुए देवेंद्र बोला—
“मैं दूसरा राजा रघुवंशी नहीं बनना चाहता। मैं फौजी हूं और अपनी मां को सुरक्षित रखना चाहता हूं।”
इस बयान ने पूरे मामले को और गंभीर बना दिया है। (Gwalior soldier case)
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देवेंद्र राजावत और उसकी मां की जान को खतरा – क्यों गंभीर है मामला?
- पत्नी वंदना सरकारी कर्मचारी
- जीजा पुलिसकर्मी
- अवैध कारोबार के आरोप
- बार-बार धमकी
- घर में घुसकर मारपीट का आरोप
- प्रॉपर्टी हड़पने की कोशिश
- फौजी की ड्यूटी के दौरान खतरा बढ़ा
इन सभी पहलुओं ने इस केस को बेहद संवेदनशील बना दिया है।
पुलिस का रवैया सवालों के घेरे में
देवेंद्र राजावत का साफ कहना है कि पुलिस अब तक मामले को हल्के में ले रही है। उसने कहा—
“मैं फौज में हूं, मेरी पोस्टिंग कहीं भी हो सकती है। ऐसे में मां की सुरक्षा सबसे बड़ी चिंता है। अगर कोई अनहोनी हो गई तो इसका जिम्मेदार कौन होगा?” (Gwalior soldier case)
पुलिस ने हालांकि आश्वासन जरूर दिया है कि वे दोनों पक्षों को बुलाकर समझाइश कराएंगे, लेकिन पीड़ित का कहना है कि यह मामला समझाइश का नहीं, बल्कि सुरक्षा और कार्रवाई का है। (Gwalior soldier case)
समाज के लिए बड़ा सवाल — क्या एक फौजी को भी सुरक्षा की गुहार लगानी पड़ेगी?
देश के रक्षा करने वाले एक जवान को अगर अपने ही घर में, अपने ही लोगों से जान का खतरा हो जाए, तो यह समाज और व्यवस्था दोनों पर बड़ा सवाल है। (Gwalior soldier case)
देवेंद्र ने जो आरोप लगाए हैं, वे बेहद गंभीर हैं। अब देखना होगा कि पुलिस-प्रशासन इस मामले में कितनी जल्दी और कितनी सख्ती से कार्रवाई करता है। (Gwalior soldier case)